STORYMIRROR

Prakarm Shridhar

Romance

3  

Prakarm Shridhar

Romance

याद

याद

1 min
73


अजीब सा ख्याल दिल में आता है,

वो बीता हुआ पहलू मुझे याद आता है,

कशमकश है इस दिल में,

और ज़हन में एक सवाल आता है,

जो बीता है वो हकीक़त थी,

या था कोई सपना जो बार बार आता है। 


चेहरा है किसी का जो दिखता है हर जगह,

किसी का मुस्कराना याद आता है,

कितनी मासूम बातों पर उसके हँसते थे हम,

और उसका रूठना हमारा मनाना याद आता है। 


रोते रोते हँसा देता था कोई हमें कभी ,

अब हँसते हँसते उसका रुलाना याद आता है,

हमारी ख़ामोशी में रौनक भरना उसकी अदा थी,

अब शोरगुल में उसका ना होना याद आता है। 


पास था कभी जो हमारे किसी वादे को लेकर,

उसके दूर रहने का अब बहाना याद आता है,

जो बीता है वो हकीक़त थी, या कोई सपना 

जो मुझे बार बार आता है। ....



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance