STORYMIRROR

Rajkumar Jain rajan

Inspirational

4  

Rajkumar Jain rajan

Inspirational

वसुधैव कुटुम्बकम

वसुधैव कुटुम्बकम

1 min
366


वसुधैव कुटुम्बकम

भारतीय सनातन धर्म की

मूल संस्कार व विचारधारा है

हरदिल में इस भाव का 

प्रणयन हो


शिष्टाचार, तहजीब,

सभ्य संवाद, धार्मिक संस्कार

सहकार, मान्यताएं

और मूल्य

इन्ही से तो हमारी भारतीयता

को प्रतिष्टित किया है

इसीलिये हमारी संस्कृति

वसुधैव कुटुम्बकम

उज्ज्वल भाव रखने वाली

संस्कृति है

इसी के बल पर तो

भारत बना हुआ है महान


यही नेक नियति

हर मानव में आ जाये

हमारी विराटता 

विश्व भर में छा जाए

और सत्यम शिवम सुंदरम

से भर जाए

यह दुनिया!



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational