STORYMIRROR

Alka Ranjan

Inspirational

4  

Alka Ranjan

Inspirational

तुम्हारी याद में

तुम्हारी याद में

1 min
416

कोई कहता दीदी तो कोई ताई

स्वर ऐसी जिन्होंने पाई

लगता जैसे खुद साझात मां सरस्वती धरती पर उतर आई

स्वर कोकिला की उपाधि है जिन्होंने पाई

सजाई जिन्होंने सुर और संगीत से दुनिया हमारी

बसती वो हर दिल में,भारत रत्न वो थी देश की बेटी

ममतामई सूरत, सादगी से भरी,वो थी सुर सम्राज्ञी,

वो थी और हमेशा रहेगी हमारी प्रिय,उनके जैसा कोई नहीं

नम आंखों से लता जी को भावपूर्ण श्रद्धांजलि ।।



Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Inspirational