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Himanshu Jaiswal

Tragedy

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Himanshu Jaiswal

Tragedy

तन्हा सा हूँ मैं...

तन्हा सा हूँ मैं...

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हाँ तन्हा सा हूँ मैं

बीता हुआ हंसी लम्हा सा हूँ मैं

वीराने से थोड़ा सहमा सा हूँ मैं

हाँ तन्हा सा हूँ मैं


ख़ुशी की चाह में हूँ मैं 

अंजानी सी राह में हूँ मैं

जिसको परवाह नहीं मेरी

उनकी परवाह में हूँ मैं

दर्द भरा सदमा सा हूँ मैं

हाँ तन्हा सा हूँ मैं


प्यार की आस में हूँ मैं

वफ़ा की तलाश में हूँ मैं

वो भी उतना ही चाहे मुझे

बस इसी चाह में हूँ मैं

फूल इक मुरझा सा हूँ मैं

हाँ तन्हा सा हूँ मैं


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