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Agnima Singh

Drama Inspirational

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Agnima Singh

Drama Inspirational

सोच

सोच

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कुरुपता में रुपता,

भी होती है कहीं,

तुमको बस सोचना,

है देखना कहाँ।


दिल में हो दर्द,

तो दर्द ही सही,

खुशी के मौके भी,

बस होते हैं यहीं।


कभी न सोचना ये,

तुम कि पीछे हो यहाँ,

सोचना यही कि,

तुमको जाना है कहाँ।


चलोगे आगे तुम,

तो बढ़ोगे यहाँ,

करना है वो,

कर सोचना है क्या।


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