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समझौता कर लेते हैं

समझौता कर लेते हैं

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कभी अपनों के लिए

कभी सपनों के लिए

साहस ख़ुद में भर लेते हैं

आओ समझौता कर लेते हैं।


रिश्तों की डोर मज़बूत रहे

प्यार बना अकूत रहे

अपने दुःख यूँ हर लेते हैं

आओ समझौता कर लेते हैं।


कभी ख़ुद से हो, कभी हो खुदा

कभी बहुधा हो, कभी यदाकदा

जीने के लिए कुछ मर लेते हैं

आओ समझौता कर लेते हैं।


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