STORYMIRROR

Sampoorna Raj

Abstract Tragedy Inspirational

3  

Sampoorna Raj

Abstract Tragedy Inspirational

रो रहा भूमिपुत्र

रो रहा भूमिपुत्र

1 min
267

रो रहा है

रो रहा है

रो रहा है ऐ किसान

कब तक चुप रहोगे भगवान


कब तक चुप रहोगे भगवान।

अपने रौद्र रूप में आओ भगवान।


रखकर लाज किसानों की

दूर करो तुम शैतानों को

चुप मत बैठो तुम भगवान


रक्षा करो हम किसानों की

नष्ट करके तुम उन पापियों को।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract