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Kanchan Prabha

Abstract Romance

4.5  

Kanchan Prabha

Abstract Romance

रंग श्वेत का तेज

रंग श्वेत का तेज

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सफेद रंग की चादर फैली,     

 शांति, सादगी संग खेली।       

 धूप पड़े तो चमके मोती,        

चाँदनी संग गूंजे ज्योति।

निष्कलंक, निर्मल, उजियारा,

सच्चाई का यह है धारा।

हर रंग को अपनाए यह,

सबका मन बहलाए यह।

कभी हिमशिखर पे जगमगाए,

कभी कबूतर बन उड़ जाए।

श्वेत पुष्प सा कोमल लागे,

पावन गंगा जल सा भागे।

संस्कारों का यह प्रतीक,

ज्ञान, प्रेम और सत्य के समीप।

सफेद रंग की महिमा भारी,

शुद्ध हृदय की पहचान हमारी।


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