V. Aaradhyaa
Action
लो आ गया अब जमाना पत्थरों का,
अब कहाँ कोई बैठता नीम के छांव में !
हर तरफ चुनावी चक्र सा चल पड़ा है,
कोयल चुप है तो कागा लगा काँव में !
बड़ी तेज़ धूप और बताश है चारों ओर,
ऐ दिल अब चल चलें ममता की ठाँव में !
अनंत उजास
गणेशाय नम :
गणेशाय
तीज
ज़िन्दगी
सूर्योदय
विरह भरी राते...
मर्यादा के प्...
महिमा अपार
हाथ जोड़कर नमन आज हम, कारगिल विजय दिवस पर उनको करते हैं।। हाथ जोड़कर नमन आज हम, कारगिल विजय दिवस पर उनको करते हैं।।
आगे से ऐसी गलती ना करने का प्रण लिया। आगे से ऐसी गलती ना करने का प्रण लिया।
क्रूर मानव ने पेड़ों के फूल पत्तों तक को भी तो नोंचा है। क्रूर मानव ने पेड़ों के फूल पत्तों तक को भी तो नोंचा है।
मेरे साथ पीछे बैठने वाली लड़की के बस्ते में केवल कॉपी ही नहीं मेरा बहुत सा सामान मिला। मेरे साथ पीछे बैठने वाली लड़की के बस्ते में केवल कॉपी ही नहीं मेरा बहुत सा सामान...
सब पेटियों से न्यारा है यह सूटकेस। सब पेटियों से न्यारा है यह सूटकेस।
संस्कार सिखाने की जिम्मेवारी भी सबने है गूगल को थमाई। संस्कार सिखाने की जिम्मेवारी भी सबने है गूगल को थमाई।
हमें गर्व है कि हमारा देश भी आगे बढ़ रहा है।। हमें गर्व है कि हमारा देश भी आगे बढ़ रहा है।।
और कहो दिल से, हमारा जीवन मार्ग सचमें बहुत आसान है।। और कहो दिल से, हमारा जीवन मार्ग सचमें बहुत आसान है।।
साथी हमें माफ कर देना.. हम फिर से सबकुछ अच्छा करना चाहते हैं। साथी हमें माफ कर देना.. हम फिर से सबकुछ अच्छा करना चाहते हैं।
हाँ ! मैं इस युवा कवि की अभिव्यक्ति की आवाज़ CHS हूं ! हाँ ! मैं इस युवा कवि की अभिव्यक्ति की आवाज़ CHS हूं !
मगर जीते जी स्वर्ग के दर्शन तो पा लें। अपने जीवन को प्यार और संतुष्टि से सजा ले। मगर जीते जी स्वर्ग के दर्शन तो पा लें। अपने जीवन को प्यार और संतुष्टि से सजा ...
अच्छी-अच्छी बातें दिल दिमाग में उतारते रहेंगे। और उनसे नया श्रजन करते रहेंगे। अच्छी-अच्छी बातें दिल दिमाग में उतारते रहेंगे। और उनसे नया श्रजन करते रहेंगे।
और अपना दर्शन का सपना पूरा कर आएंगे। और अपना दर्शन का सपना पूरा कर आएंगे।
संघर्षों के संग ही तो जीवन जीने में आसानी होगी- तभी तो असाधारण ये कहानी होगी। संघर्षों के संग ही तो जीवन जीने में आसानी होगी- तभी तो असाधारण ये कहानी होगी।
भरकर तुझे महसूस करते हुए लिखना चाहता है ! क्योंकि आज मैं तुम्हें लिखने बैठा हूं। भरकर तुझे महसूस करते हुए लिखना चाहता है ! क्योंकि आज मैं तुम्हें लिखने बैठा ह...
बस मैं इतना चाहता हूं कि मैं मुरझा कर कचरे में ना डाला जाऊं। बस मैं इतना चाहता हूं कि मैं मुरझा कर कचरे में ना डाला जाऊं।
हर दिल में बसाएं शांति की सरोवर, ऐसी जीवन की दिशा बनाये हम। हर दिल में बसाएं शांति की सरोवर, ऐसी जीवन की दिशा बनाये हम।
कभी ना हम घबराएंगे। हर परिस्थिति से निकल ही जाएंगे। कभी ना हम घबराएंगे। हर परिस्थिति से निकल ही जाएंगे।
जिंदगी के इस मुकाम पर आकर हम बहुत खुश हैं। जिंदगी के इस मुकाम पर आकर हम बहुत खुश हैं।
खुशियां और प्यार से भरी आबाद हो जाती है। वहां छोटी छोटी खुशियां भी खास हो जाती है। खुशियां और प्यार से भरी आबाद हो जाती है। वहां छोटी छोटी खुशियां भी खास हो जा...