प्रभु अवताण
प्रभु अवताण
सृष्टि में जब उथल-पुथल, प्रकृति, प्राणी, प्राण पर संकट,पल-प्रहर विकट, विकराल,!! व्यर्थ सारे अस्तित्व, अर्थ रह जाता — एक ही आश, जगत उद्धार का मार्ग,प्रेम, शांति का स्वर, ईश्वर उद्घोष आएगा,युग सृष्टि को बचाएगा! आपने मौलिक मूल्य, प्राणी, प्राण आधार, परम प्रकाश, परमेश्वर आएगा,!! जग पीड़ा से मुक्त कराएगा, दुःख क्लेश का अंधकार मीट जाएगा,!! परम प्रकाश प्रभु के आगमन से, युग सृष्टि का अंधेरा छट जाएगा!! प्रकृति अह्लादित, उत्साहित, परमेश्वर स्वागत,वंदन में पुष्प पथ दृष्टि दिव्य बनाए,! दुःख क्लेश से मुक्ति, दानवीय दुष्टता,शत्रुता से मुक्त,क्रोध, क्रूद्ध, युद्ध से मुक्त, नव जीवन, उमंग, तरंग, प्रभु ईशु आगमन, युग अंतर्मन सतसंग!! माँ के आंचल की मुस्कान,जन-जन जीवन प्राण,!! प्रभु परमेश्वर ईशु, युग चेतना, शांति, आत्म चेतना, ईश्वर भगवान!!! प्रभु ईशु के आगमन की हार्दिक शुभकामनाएं! 🌟✨*
