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Pankaj Kumar

Inspirational

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Pankaj Kumar

Inspirational

नयी तलाश

नयी तलाश

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सफर जिंदगी का चल ही रहा है

वक़्त भी ठीक-ठाक निकल ही रहा है

फिर भी कुछ और करना चाहता हूँ

जिंदगी में नये रंग भरना चाहता हूँ


इसी लिए इक तलाश में चल रहा हूँ

जैसे हालात मिले, उसी में ढल रहा हूँ

खुद को संवार लेना चाहता हूँ

और थोड़ा प्यार लेना चाहता हूँ

ज़िन्दगी तो कट ही जाएगी जैसे-तैसे

थोड़ी और हिम्मत भर लेना चाहता हूँ


पढ़े है किताबों में कितने ही

"लीक से हट कर चलना" ऐसे किस्से

मैं भी खुद को ऐसी रफ़्तार देना चाहता हूँ

हालात कुछ भी हो, जज्बात कुछ भी हो

बस पूरे विश्वास से आगे बढ़ कर

एक लम्बी छलांग मार लेना चाहता हूँ


अंजाम की फ़िक्र किसको पड़ी है

अभी कहाँ फैसले की घड़ी है

जो होगा देखा जायेगा बाद में

फक्र करेगा ज़माना अपनी याद में

खुद को ऐसा मुकाम देना चाहता हूँ

चुप चाप नहीं सरेआम देना चाहता हूँ


जीत पाया गर खुद ही को पछाड़ कर

तो बहुत अच्छा

वरना कुछ करके हार स्वीकार लेना

चाहता हूँ

थोड़ी और हिम्मत भर लेना चाहता हूँ



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