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Dhirendra Panchal

Abstract

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Dhirendra Panchal

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मोदी क शासन

मोदी क शासन

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एक हाथे दारू क बोतल आ टोटल हव,

होटल में बाबू क रुपिया गिनात हव।


घरे के खर्ची क पर्ची देखावेलन,

दाल रोटी किने में आफत जनात हव।


बकुली संवार रोज टिकुली निहारेलन,

सड़की पर लईकीन के बोली बोलात हव।


मुँहवा बिदोर झकझोर देलन बाती से,

मोदी क शासन बस इनके चबात हव।


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