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Rajshree Vaishampayan

Inspirational Others

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Rajshree Vaishampayan

Inspirational Others

मज़दूर

मज़दूर

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चाहे होने दो कितना भी पैसा

या होने दो गाड़ी बंगला...

उसका हाथ लगे बगैर

होता नहीं कोई काम पूरा।


दिन रात एक कर

खूब मेहनत करता है

यह मज़दूर हैं साहब जो...

अपने पसीने की कमाई से

ईमान की रोटी खाता है।



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