STORYMIRROR

Dr. Chanchal Chauhan

Classics Others

3  

Dr. Chanchal Chauhan

Classics Others

महिला दिवस पर विशेषपरिपूरक

महिला दिवस पर विशेषपरिपूरक

1 min
803

ईश्वरी रचना ने जब 

नर नारी को एक दूसरे का परिपूरक माना 

तो किसने अपने आप को श्रेष्ठ माना ?

नर नारी दोनों है पल्ले तराजू के 


ना कोई भारी

 ना कोई हल्का 

दोनों परस्पर समान है पल्ले

दोनों ही एक डोर से बंधे हैं पल्ले

तभी तो दोनों बराबर है पल्ले।।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Classics