somya mohanty
Inspirational
नमन करे तेरे चरणो में
तेरे हौसला बुलंद है
हर हिंदुस्तानी में
आग की ज्योत जले
चारों तरफ है ये दिल के।
वही क़ुर्बानी बनके
बरसे हमेशा तेरे सम्मान में।
कोरोना
कोरोना . .
करोना . .
इश्क़ और समाज
को
दिल ढूंढ़ता है
#DIL DHUNDTA ...
तुम इबादत थी
अमर रहेगी गोरा बादल की कहानी बोल रही मिट्टी राजस्थानी अमर रहेगी गोरा बादल की कहानी बोल रही मिट्टी राजस्थानी
यारों आज फ़िर से याद किया जाए… क्यों ना वही इतिहास दोहरा दिया जाए। यारों आज फ़िर से याद किया जाए… क्यों ना वही इतिहास दोहरा दिया जाए।
उसकी फ़ितरत इंसानों से अलग है, वो आख़िरी साँस तक साथ निभाऐगी।हाँ सच ही तो, याद ही तो मेरी जागीर है।.... उसकी फ़ितरत इंसानों से अलग है, वो आख़िरी साँस तक साथ निभाऐगी।हाँ सच ही तो, याद ह...
अति विशाल यह लिखित, लचीला है अपना संविधान बना। अति विशाल यह लिखित, लचीला है अपना संविधान बना।
माँ बनना आसान कहाँ था मौत से जूझ कर। माँ बनना आसान कहाँ था मौत से जूझ कर।
हाथ जोड़ कहते चुनाव में,माफ़ करो हुआ जो भी यहां गलती - चूक। हाथ जोड़ कहते चुनाव में,माफ़ करो हुआ जो भी यहां गलती - चूक।
दुनिया में कोई भी देश, मेरे देश से नहीं है अनजान। दुनिया में कोई भी देश, मेरे देश से नहीं है अनजान।
इस श्रृंगार में चार चांँद लगाता है उद्यान सुंदरवन सदाबहार। इस श्रृंगार में चार चांँद लगाता है उद्यान सुंदरवन सदाबहार।
जीवन क्या,बस साँसों का सौदा , ता-उम्र यहाँ बस भरनी किस्त ।। जीवन क्या,बस साँसों का सौदा , ता-उम्र यहाँ बस भरनी किस्त ।।
चौदह संतानों में बालक इक, वीर सुभाष चन्द्र बोस कहलाए।। चौदह संतानों में बालक इक, वीर सुभाष चन्द्र बोस कहलाए।।
हर चेहरे की अपनी पहचान, हर शख्स की अलग है शान। हर चेहरे की अपनी पहचान, हर शख्स की अलग है शान।
है अभिलाषा तीव्र प्रभु दर्शन की तुम्हारे, करतीं हूँ प्रार्थना जोड़ हाथ। है अभिलाषा तीव्र प्रभु दर्शन की तुम्हारे, करतीं हूँ प्रार्थना जोड़ हाथ।
क़िससे किसकी आजादी, किसको दिखती है आजादी। क़िससे किसकी आजादी, किसको दिखती है आजादी।
सह रही दर्द असीम वह औरत, लिये आस देखने को मूरत बालक की। सह रही दर्द असीम वह औरत, लिये आस देखने को मूरत बालक की।
शब्दों के खेल बड़े अद्भुत, इनके जज्बे बड़े निराले। शब्दों के खेल बड़े अद्भुत, इनके जज्बे बड़े निराले।
नव यौवना प्रकृति चंचला, महके तन पे इत्र चंदन। नव यौवना प्रकृति चंचला, महके तन पे इत्र चंदन।
इस धरती को नमन मैं करता हूँ, जिस पर गंगा बहती है। इस धरती को नमन मैं करता हूँ, जिस पर गंगा बहती है।
छोटे-छोटे पल जीवन के कई बार हम यूंँ ही गंवा देते हैं। छोटे-छोटे पल जीवन के कई बार हम यूंँ ही गंवा देते हैं।
सबसे अलग और सबसे अनोखा ये संविधान हमारा है, ये संकल्प हमारा है, ये गणतंत्र हमारा हैI सबसे अलग और सबसे अनोखा ये संविधान हमारा है, ये संकल्प हमारा है, ये गणतंत्र ह...
नव स्फूर्ति के साथ नवाचार हो नये वर्ष में हर्ष का विस्तार हो. नव स्फूर्ति के साथ नवाचार हो नये वर्ष में हर्ष का विस्तार हो.