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Navni Chauhan

Classics Inspirational

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Navni Chauhan

Classics Inspirational

मां तुझे सलाम

मां तुझे सलाम

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मेरे दिल की धड़कन,

मेरी रगों में बहता लहू का हर कतरा,

फक्र से है कहता कि

मैं भारतीय हूं।


अंबर से भी ऊंचा,

तिरंगा मेरे देश का,

नीले नभ में विचरता, 

चीख चीख पुकारता,

कि मैं

प्रतीक हूं भारत मां की

आन, बान और शान का,

हर भारतीय के मान का,

मैं भारतीय हूं।


इस वतन की मिट्टी की

सौंधी सौंधी खुशबू,

महक महक के चहकती,

सबको बतलाती कि,

मेरी खुशबू में नीर है,

परिश्रम का, किसानों के

माथे से गिरती हर पसीने की बूंदों का,

समावेश है मुझ में,

फिजाएं चहक चहक पुकारती कि

मैं भारतीय हूं।


वीरों का तो क्या ही कहना,

पल पल जिसको तुम संग रहना,

तेरे प्रेम में ओत प्रोत, जिनके नैना

में चमक तेरे गर्व की, तेरी शान की,

हिंदुस्तान की,

जिन्होंने अपने लहू से रची हो 

किताब तेरे गुणगान की,

जिनके लहू ने रंग दिया तेरा

बसंती चोला,


खुद के बलिदान से हिफाज़त की 

तेरे आंचल की,

जिनपे सब हिंदुस्तानी करें अभिमान,

हर भारतीय सीना तान पुकारे,

मां तुझे सलाम,

मां तुझे सलाम,

मां तुझे सलाम।


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