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Shiv Kumar Gupta

Inspirational

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Shiv Kumar Gupta

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मां बाप

मां बाप

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मां सोये खुद गीले में

सूखे में हमें सुलाती है

मार के थप्पड़ वो हमें

खुद नैना नीर बहाती है


जो हमारे लिए किस्मत से भी लड़ जाए

जो साथ खड़े है खुदा का एक रूप बनकर

हमारे सपनों को बुन रहे है 

वो अपने सपनों को मार कर


हमारी हर जिद को वो पूरी करते है

हमारे लिए वो दिन रात मेहनत करते है

जेब खाली होने पर भी महसूस होने नहीं देते है

हमारी खुशियों का कर्ज वो जीवन भर चुकाते है


कांटों पर चलकर फूलों सा जीवन हमें देते है

एक पिता का किरदार पिता ही निभा सकते है

कांधे पर बैठाकर दुनिया दिखाई है जिन्होंने

 पिताजी खुद से ज्यादा काबिल हमें देखना चाहते है


जो हमें खुश देखने के लिए जीते हैं

हमारे दुख में साथ खड़े हमारे होते है

कोई कितना ही प्यार करे चाहे हमसे

 सिर्फ मां बाप ही हमारे दुख में हमारे साथ रोते है


मां की ममता का कोई मोल नहीं

पिता के बलिदानों की कोई सीमा नहीं

गोद में हमें उठाकर खुद ने कांटों की चुभन सही

इस पृथ्वी पर मां बाप से बड़ा कोई भगवान नहीं। 



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