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Poonam Bagadia

Tragedy

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Poonam Bagadia

Tragedy

क्या अब यही है प्यार ?

क्या अब यही है प्यार ?

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"सुना था, दिलो की गहराई में बसता है प्यार

अब fb पर, लोगो की अंगुलियों से सजता है प्यार


ज़िन्दगी में खुशी, विश्वास, एक दूजे के लिए त्याग था प्यार 

अब सिर्फ एक post पर ठहरा सिमटा है प्यार 


पहले मुस्कुरा कर नज़रो का झुक जाना ही था प्यार

अब, "मेरे बाबू ने खाना खाया का शोर है प्यार


कभी दिल मे बसा होता था, तो ख़ुदा का घर था प्यार

आज जो online है बस वही है यार


इस रंग बदलती दुनिया ने प्यार के क्या ख़ूब रंग बदले है

एक बाबू नाम से खुद ही दो- तीन  प्यार सम्भले है


कैसा धोखा है? "क्या अब यही है प्यार ?"

दिल को तो यकीं था "एक खूबसूरत एहसास है प्यार

पर किस दुनिया मे आ गया ऐ नादाँ दिल

अब सिर्फ timepass है प्यार।


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