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Fardeen Ahmad

Comedy Drama Romance

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Fardeen Ahmad

Comedy Drama Romance

कोई मज़ाक थोड़ी है!

कोई मज़ाक थोड़ी है!

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तुमसे जो हुआ वो इश्क़ ही तो है

कोई ऐरा गैरा काम थोड़ी है

तुम कहो तो आ जाऊँ तुम्हारे पास

तुम्हरी गली कोई अनजान थोड़ी है।


जो भी है साफ साफ कह दो

ये इश्क़ है, कोई मज़ाक थोड़ी है

तुम कहती हो, इंतेज़ार करो

ये कोई बैंक का काम थोड़ी है।


दो लोगों के बीच हार और जीत 

ये इश्क़ है कोई इम्तेहान थोड़ी है

रिश्तों में शक़ पैदा हो जाये अगर

तो इसमें कोई इतमीनान थोड़ी है।


टूट जाता है दिल छोटी सी बात पे

ये कोई लोहे का समान थोड़ी है

तुम्हारी ख़ूबसूरती पर मरता हूँ

ये तारीफ़ है कोई इल्ज़ाम थोड़ी है।


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