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Amrita Rai

Classics

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Amrita Rai

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खामोशियां तन्हाइयां

खामोशियां तन्हाइयां

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एक दूसरे की पूरक होती है

खामोशियां तन्हाइयां


तन्हाइयों में अक्सर रहा करती है खामोशियां

खुद से रूबरू कराती है तन्हाईयां


खुद से बातें कराती हैं खामोशियां

खुद की खुद से पहचान कराती है ये तन्हाइयां


खुद के लिए जीना सिखाती है खामोशियां

मुश्किल राहों पर चलना सिखाती है

खामोशियां तन्हाइयां।


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