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Amrita Rai

Inspirational

3  

Amrita Rai

Inspirational

खुद को संभाल रही

खुद को संभाल रही

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थोड़ा थोड़ा करके खुद को संभाल रही 

उजड़ी हुई ज़िन्दगी को फिर से संवार रही 

बिखरे ख़्वाबों को एक एक कर समेट रही 

मिट गए वजूद की एक नई पहचान बना रही

अपने दर्द पर खुशियों की एक नई चादर चढ़ा रही।।



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