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kh pathak

Drama

3  

kh pathak

Drama

जिंदगी

जिंदगी

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कुछ कही

कुछ अनकही 

सी ये जिंदगी 


कभी हँसती,

कभी हँसाती,

ये जिंदगी 


कभी उदास

और कभी ख़ामोश

सी ये जिंदगी 


कभी हरियाली सी

कभी पतझड़ सी ये जिंदगी 

कही धूप तो कही

छाँव सी ये जिंदगी 


जिंदगी के हज़ारो रंग हैं,

कभी बदरंग है ये जिंदगी 

कभी उलझनों सी,

और कभी सुलझती सी ये जिंदगी 


कभी महफ़िलो से आबाद

और कभी तन्हा सी ये जिंदगी 

कही हज़ारो ख्वाहिशें है,

कहीं इत्मीनान सी ये जिंदगी।

 

ये अन्दाज़े बयां है,

इंसान का ये मुक़म्मल सी जिंदगी। 


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