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Shital Yadav

Classics Inspirational


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Shital Yadav

Classics Inspirational


ज़िंदगी

ज़िंदगी

1 min 192 1 min 192

मुश्किल लगती है ज़िंदगी मगर नामुमकीन नहीं

हार मान लेते हैं वही जिन्हें ख़ुद पर यकीन नहीं


सूखे पत्तों की तरह जुदा हो जाते कभी अपनों से 

दरख़्त खड़ा रहता मज़बूती से होता गमगीन नहीं 


आदत सी पड़ गई है अब तो रात-रात जागने की 

नींद ही चुरा ले गई सपने एहसास भी हसीन नहीं 


आसान नहीं है यूँ ही दिल में जगह अपनी बनाना

बने आशियाँ इतनी भी सस्ती दिल की जमीन नहीं 


आता नहीं है दिल को तारीफ किसी की भी कर दे 

लाख चेहरे देखे हैं मगर उनकी तरह बेहतरीन नहीं।


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