STORYMIRROR

Amrita Rai

Abstract Romance

4  

Amrita Rai

Abstract Romance

जिंदगी भी क्या है

जिंदगी भी क्या है

1 min
213

जिंदगी भी क्या चीज है

कैसे कैसे मोड़ लाती है जीवन में

जब दिल कहता है आगे बढ़ जाऊं

दिमाग कहता है ठहर जाऊं


इन सबसे उलझ जब कभी चुप हो जाऊं

तुम हमे परेशान समझ लेना

जब कभी रहना चाहूं अकेली

तुम मेरे बेइंतहा दर्द को समझ लेना


और अपने प्यार से मेरे गुस्से और 

दर्द को पी लेना

मैं कुछ ना भी कहूं

तो भी तुम सब समझ लेना।।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract