Buy Books worth Rs 500/- & Get 1 Book Free! Click Here!
Buy Books worth Rs 500/- & Get 1 Book Free! Click Here!

Alfiya Agarwala

Inspirational


4.8  

Alfiya Agarwala

Inspirational


जीना यहीं

जीना यहीं

1 min 501 1 min 501

आज का ग़म करना नहीं

जीना यहीं मरना यहीं।

दरिया की लहरों को

उठता देखो तुम कभी

फिर थकना नहीं।।


साहिल यहीं दरिया यहीं

मौजे यहीं किनारे यहीं ।

क्यूँ फिर रुकना, तुझे फिर

थकना तुझे,

दरिया सामने है डूबने का डर

मत रखना कभी।

उसकी गहराइयों में डूब

जाकर उभर

आने का हुनर रख

ऐ ज़िन्दगी।।


तैरना फिर हर दरिया

खूबसूरत लगेगा तुझे।

मज़ा, गहराईयों में जाकर

मिलता है,

किनारे से देख कर तो बस

डर लगता है।।


एहसास कर महसूस कर

हर दरिया,

तू फिर पार कर

बेखौफ हो

न होश खो तैर चल बस

तैर चल।।


हर मौज़ को, बेखौफ होकर

तू पार कर।

वो सामने तेरा लक्ष्य है वो

सामने साहिल खड़ा

बाहें फैलाये तेरा कर रहा,

इस्तक़बाल है।

तैर जा, बस तू तैर जा,

तैर जा बस तैर जा।।


क्यों तुझे तूफान का खौफ है,

भूल मत ये याद रख हर

तूफान भी

थमता है कभी रुकता है कभी

तू तैर जा, तू तैर जा, सामने

दिख रहा किनारा है।।


Rate this content
Log in

More hindi poem from Alfiya Agarwala

Similar hindi poem from Inspirational