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Priyanka Singh

Abstract


4.5  

Priyanka Singh

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जहरीली चाल

जहरीली चाल

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वक्त से तेज पलपल रंग बदलते देखा

एक चेहरे पर लगा दूसरा चेहरा देखा

बेपनाह मोहब्बत है कहने वालो को

हमने गहरी जहरीली चाल चलते देखा


मोहब्बत के नाम लूट लेते सब कुछ

फिर उसे सरेआम बेआबरू करते देखा

ना सुननी पड़े कभी तो,उसी प्यार का

एसिड फेंक चेहरा जलाते देखा


जिस पर दिलो जान लुटाते थे कभी

उसी को बरवाद कर खुश होते देखा

बेपनाह मोहब्बत है कहने वालो को

हमने गहरी जहरीली चाल चलते देखा


दिल बैठा जा रहा उनका भरी महफिल

जहर पीकर भी जब हमे मुस्कुराता देखा।


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