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Sumit. Malhotra

Classics Inspirational

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Sumit. Malhotra

Classics Inspirational

इंसान और सूरज चांद सितारे

इंसान और सूरज चांद सितारे

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आसमान में प्यारा कौन, सूरज चांद और सितारे,

आओ बैठ कर ये हम सोचे-विचारे।

माना जिंदगी सदैव रही है हर कदम एक नयी जंग,

जीते या हारे क्या हुआ ये भी खेल का ही तो है एक अंग।

सीखिए इन सूरज चांद और सितारों से,

भिन्न-भिन्न होते हुए भी आसमान में मिलकर रहते सारे।

नही करते भेदभाव ये सब आपस में सारे,

बढ़ाते शोभा आसमान की ये ग्रह और उपग्रह प्यारे।

तो फिर हम सब इंसान होकर भी क्यों भूल जाते सारे,

हिन्दू मुस्लिम सिख ईसाई और भी बनाये कितने धर्म न्यारे।

लेकिन क्यों भूल जाते हम ये बात सारे,

हम सबसे पहले इंसान ही तो है तो फिर भेदभाव कैसा प्यारे।

छोड़े हम सब धर्म और जाति का भेदभाव आज खाकर कसम सारे,

अपना कर भावना भाईचारे की मिलकर रहे हम सारे।

ये शिक्षा देते हम सब को सूरज चांद और सितारे,

मिलकर रहे उनकी तरह हम भी आपस में सारे।



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