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SANDIP SINGH

Inspirational

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SANDIP SINGH

Inspirational

दशहरा (विजयादशमी)

दशहरा (विजयादशमी)

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मैया दुर्गा का बारम्बार वंदन करता हूं,

खुशियों के लिए नित अभिनंदन करता हूं।


 समस्त धरती वासी पर सदा कृपा बना रहे,

सत्य के प्रकाश से यूं ही दुनिया जगमगाता रहे।


आज संपूर्ण धरा पर खुशियों की मेला लगी है,

भगवान राम से फिर पापी रावण मारा जायेगा।


काम, क्रोध, लोभ, मोह, मद, मत्सर,

अहंकार, आलस्य, हिंसा और चोरी का नाश होगा।


शान्ति प्रिय देश भारत में मधुर अमन चैन कायम रहे,

गंदगियों पर अच्छाई का राज होगा।


मैया की कृपा से घर_घर में सु:ख समृद्धि बढते रहे,

आज के रावण को मारने की शक्ती मिलते रहे।


दशहरे की धूम मची है चारों ओर मस्ती है,

रंग_बिरंग परिधानों में नर_नारी सजी है।


मां से एक और नम्र विनती है,

ऐसे ही आशीष आप हमें देती रहें।


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