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बर्दाश्त नहीं

बर्दाश्त नहीं

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यही हर दफ़ा अब बर्दाश्त नहीं

होता ये हादसा अब बर्दाश्त नहीं


खून के बदले, अब खून बहाना

हमें कोई वार्ता अब बर्दाश्त नहीं


दे दो सेना को अब पुरी आज़ादी

हो कोई हमला अब बर्दाश्त नहीं


हमलों का मसला बातों से सुलझे

होता ये लहजा, अब बर्दाश्त नहीं


एकबार में औकात दिखा दो सारी

ये थोड़ा-थोड़ा अब बर्दाश्त नहीं



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