STORYMIRROR

Shreya Saxena

Drama

2  

Shreya Saxena

Drama

बेटी है तो कल है

बेटी है तो कल है

1 min
845


बेटी है तो कल है

बेटी है तो हर पल है,

बेटी हमारा विकास है

बेटी अटल विश्वास है।


बेटी ज्ञान की मूर्ति है

बेटी तो त्रिमूर्ति है,

बेटी माँ लक्ष्मी,सरस्वती है

बेटी में दुर्गा बसती है।


बेटी हमारा बल है

बेटी बिना जग निर्बल है,

बेटी पराया धन नहीं

बेटी अनमोल रतन है।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Drama