STORYMIRROR

BINAL PATEL

Classics Inspirational

4  

BINAL PATEL

Classics Inspirational

आंखे

आंखे

1 min
267

आंखें शोर मचती है,

तेज़ भागकर सब कुछ बताती है,

मासूमियत, या काले मन की कहानी


आंखें सिर्फ सच्चाई दिखती है,

पढ़ ले कोई दिल की ज़बान,

बाँट ले हसते हुए चहेरे का गम,


आंखें चुप रहकर भी असर दिखती है,

कुछ बात ज़रूर है इसमें,

कभी-कभी आंखें भी आंसू छुपाती है।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Classics