STORYMIRROR

Minati Rath

Abstract Inspirational

3  

Minati Rath

Abstract Inspirational

आग

आग

1 min
274

आग लगी है इस दिल में

आग यह बदले की नहीं

आग है बदलाव की,

धरती चाहती है बदलाव

अम्बर भी चाहता है।


ये पेड़ पहाड़ नदियां और पानी

ढूंढते हैं बदलाव कि निशानी

हवा में है कुछ नई कहानी

अब नहीं होगी बात पुरानी। 


अब कुछ ऐसा होगा जो नया होगा

और सबके लिए अच्छा होगा

बदलेगी जरूर

इंसानियत की तस्वीर

और इस धरती की तकदीर।


आग लगी है इस दिल में

आग यह बदले की नहीं

आग है बदलाव की।



Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Abstract