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Tatwashil Pawar

Romance

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Tatwashil Pawar

Romance

यादगार

यादगार

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गुजरे हुऐ वक्त का फसाना

बन गया हूँ।


याद भी ना कर पाओगी

वो अफसाना बन गया हूँ।


यूँ तो मुक्कदर बदलना

बस में ना था मेरे,


पर बिगड़ी हुई तकदीर का

मैं यादगार बन गया हूँ।


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