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deepshikha divakar

Inspirational

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deepshikha divakar

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वीर सिपाही

वीर सिपाही

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माटी करती है नमन तुम्हें

नाजो से पाला है तुम्हें

इस धरा के तुम ही रक्षक हो

दुश्मन के तुम भक्षक हो

तुम्हारी हर सांस देश को समर्पित है

ऐसे वीर को नमन अर्पित है

सीमा पर तुम डटे रहे

कितने ही दुख दर्द सहे

नहीं किसी से कुछ कहे

चाहे कितना लहू बहे

तुम मां के वीर सपूत हो 

तुम मा के वीर सिपाही हो 

तुम मा के पस्बा हो

ये मा तुम पर बलिहारी है

तेरी सीरत सबसे प्यारी है!~


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