STORYMIRROR

PRADYUMNA AROTHIYA

Inspirational

4  

PRADYUMNA AROTHIYA

Inspirational

ऊँची उड़ान के लिए

ऊँची उड़ान के लिए

1 min
17

चिंताएं प्रबल हैं

मगर यही रण है

जीतना है तुझको

यही उद्देश्य प्रथम है

कल्पनाएं 

भौतिक संसार सी

मन को भेदती हैं

जिंदगी के लक्ष्य से 

दूर भेजती हैं

निश्चय कर 

तुझको आगे बढ़ना है

अपने आत्मविश्वास को 

अपने ही रंग से रंगना है

बेड़ियाँ पाँव में

क्यों न अवरोध सी पड़ी हों

ऊँची उड़ान के लिए

आज तुझको

उन बेड़ियों को तोड़ना है।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational