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Akshay kumar

Abstract

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Akshay kumar

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स्टोररूम

स्टोररूम

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सबके घर में एक स्टोररूम जरूर होता है,

जहाँ सभी चीज़ें रखी होती है बेढंग सी,

दरअसल वो बेढंग नहीं होती....

बस वो बाहर की दुनिया से अलग हो चुकी होती हैं।

उस स्टोररूम में बहुत सारी राज़ दफ़न रहते हैं,

उस स्टोररूम की दीवार ना जाने

कितने आँसुओं को छुपाये बैठे होती है।


ऐसा ही एक स्टोररूम हमारे दिल और

दिमाग में भी होता है जहाँ कितने सारे राज़ छुपे होते हैं।

सबका कोई न कोई दोस्त होता है,

जो जानता है सारे राज़ अपने दोस्त की,

सबके दिल में कोई कोना होता है,

जहाँ छुपी रहती है बहुत सी अनकही बातें,

सबके फोन में कोई फोल्डर होता है,

जहाँ पड़े रहते है बहुत सारे फोटोज, वीडियो,

दुनिया के परे भी शायद कोई कोना होगा,

जहाँ सबकी यादें सँजोई जाती होगी,

बिल्कुल वैसे ही घर में एक स्टोररूम जरूर होती है,

जो उस घर के खुशियों से परे सारे दुख दर्द को समेटे रहती है।



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