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Umesh Shukla

Abstract

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Umesh Shukla

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धीरे धीरे बदल रहा

धीरे धीरे बदल रहा

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धीरे धीरे बदल रहा अब

देश का सियासी माहौल

जनता भी समझने लगी

नेताओं का असली रोल


हर तरफ से उठने लगे

रोजी औ रोटी के प्रश्न

सरकार आयोजित करा

रही है रोजगार के जश्न


जनता के रुख में आ रहा

जो कुछ सार्थक बदलाव

आगे के दिनों में दिखेगा

देश में इसका सार्थक प्रभाव


हे ईश्वर मेरे देश के लोगों

को कर दीजिए इतना सतर्क

अपने और बच्चों के भविष्य के 

नाम पर कर सकें वे सही तर्क


प्रश्नों से ही सतत निखरता है

लोकतंत्र का वास्तविक रूप

जन पीड़ाएं दूर करने को तभी 

कर्तव्य मानते हैं आधुनिक भूप।


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