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M. anita sharma

Drama

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M. anita sharma

Drama

परिवर्तन

परिवर्तन

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अब ना कहो

अबला नारी,

अब ना रही

वह बेचारी।


हो गई है अच्छे

अच्छों पर भारी,

हर शिखर चढ़ने की

है अब तैयारी।


मान गई यह

दुनिया सारी।


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