STORYMIRROR

Pushpender Sharma

Romance

4  

Pushpender Sharma

Romance

फर्स्ट लव

फर्स्ट लव

1 min
332

दूरियां थी ज़मीन पे, पर वो चांद पूरा दोनो के साथ था,

बिना देखे किया भी चाहा एक दूसरे को, प्यार का इस कदर सर पे गुमान था,

मिलने के लिए भी की कोशिशें काफी की, पर वक्त कौन सा अपना था,

एक मंजिल के राहगीर हम अलग अलग राहों पे, बस एक होने के इरादा हमारे मन में था,


फिर बड़ी मुश्किल से एक मुलाकात का वक्त आया, 

मिलने पे कोई एक दूसरे को जुबां से कुछ बोल नहीं पाया, 

आंखे बोल रही थी हमारी और दिल मे प्यार बेशुमार आया था,

शायद इश्क़ सच्चा था हमारा, तभी तो भगवान हमें साथ लाया था,

फिर कसमों की कसमें खा के, हमने एक दूसरे को अपनाया था,

बातें पढ़ के ये सब, आज फिर से मुझे मेरा पहला और आखिरी प्यार याद आया था|


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance