मुस्कराहट
मुस्कराहट
माँ बाप ने हाथ पीले कर
कहा सदा मुस्कराना
और मैं जीवन के निर्मम
थपेड़ों के प्रहार से
सदा मुस्कराता रहा
लोग कहते हैं कि
मैं बावली हो
पक चुकी हूं
मेरी मुस्कराहट चुभती उन्हें
अब कहते हैं दुख में भी
कोई मुस्कराता है
आज मेरे होठों की
मुस्कराहट सजा हो गयी
कभी उनके लिये और
कभी मेरे लिए।
