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Bhawana Raizada

Abstract Tragedy Inspirational

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Bhawana Raizada

Abstract Tragedy Inspirational

मुखौटा जोकर का

मुखौटा जोकर का

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एक राज़ दिल मे दफ़न कर

दे जाता है वो मुस्कुराहटें।

समय के परे चल कर

दे जाता अनगिनत वो यादें।

है मुश्किल फिर भी वो

छिपा जाता मन की पीर।

देख उसको मचल जाते

हो जाते दर्शक अधीर।

नित्य नए करतब दिखाता

बांध कठपुतली सी जंजीर।

दूसरों के चेहरे की खुशी

ही उसका अभिमान है।

स्वाभिमान से जीता वो

मुखौटा ही उसका मान है।


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