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Yashika Das

Drama

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Yashika Das

Drama

मेरी प्यारी बहन

मेरी प्यारी बहन

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करती हूँ भगवान का शुक्रिया,

कि दिया मुझे इतना अच्छा नसीब।‌

मिली इतनी प्यारी बहन,

जो हमेशा रहती मेरे दिल के करीब।

 

सुबह उठकर उसे देखूं,

तो मेरे मन के फूल जाते हैं खिल से।

और जब वह उठकर मुस्कुराती,

तो उसे लगा लेती हूं अपने दिल से।

 

जब मैं रोती हूं,

तो आकर मुझे मनाएगी।

और जब खुश होती हूं,

तो आकर मुझे चिढ़ायेग।

 

है वह बहुत शैतान,

सीधे-सीधे बात कभी ना मानती।

पर उसकी इन हरकतों के बिना,

मन को कहां मिलती है शांति।

 

तंग भी करें, प्यार भी करे,

करती नई-नई करामातें हर दिन।

पर एक बात तो पक्की है,

मेरा मन कभी ना लगता उसके बिन।

 

इस लिए करतीं हु भगवान का शुक्रिया,

कि दिया मुझे इतना अच्छा नसीब।‌

मिली इतनी प्यारी बहन,

जो हमेशा रहती मेरे दिल के करीब।


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