STORYMIRROR

yogita singh

Inspirational Thriller

2  

yogita singh

Inspirational Thriller

मेरी जिंदगी

मेरी जिंदगी

1 min
95

मेरी जिंदगी के पन्ने में तुम्हारा नाम सुनहरा होगा 

जब जब भिंगेगी ये आंखें, अंतर्मन ने तुम्हें पुकारा होगा 

नफ़रत करना वाजिब है पर समझो मुझको तो अच्छा होगा

दे के दुख तुमको मैंने क्या मेरा दिल मुसकाया होगा


 पर सोचना कभी इस बारे में

 इन खामोश लबों ने भी तो कोई नाम पुकारा होगा

 बिखरा पड़ा है जो दिल ये 

 कभी किसी क़दमों के नीचे तो आया होगा 

 दिखता है चांद में जो दाग,

 जरूर किसी ने इल्जाम लगाया होगा

यूँ करता है जो दिया सबको रोशन , 

उस दिए तले भी तो अंधियारा आया होगा 


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational