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NARENDRA SHARMA

Romance

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NARENDRA SHARMA

Romance

मेरा मंदिर मेरी माँ

मेरा मंदिर मेरी माँ

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आंखों का दीदार तुझ से है,और आंखे क्या सेंकू।

जब चेहरा तेरा देखूं, तो भला चाँद को क्या देखूँ।।

मेरा मंदिर, मस्जिद,खुदा,रब ,सब तू ही है।

और एक तुझको ही न देखूँ, तो भला क्या देखूं।।


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