STORYMIRROR

Meera Raikwar

Romance

3  

Meera Raikwar

Romance

करीब

करीब

1 min
182


वह कौन सा क्षण है

जब मैंने तुुम्हें भुला दिया है

हरदम तुम बात करती 

कभी डांटती ,

चुप कराती हो

कभी मुस्कुराती ,

चुप हो जाती हो

कभी सब कुछ भूल 

मुझे प्यार करती हो

ये काम ऐसे नहीं

ऐसेे करना समझाती हो

तुम नहीं पर हर 

काम में याद आती हो

फिर मैंने कहां

बिसराया तुम्हीं कहो

मैं तुम्हें भूला नहीं

तुम हरदम करीब हो।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance