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Rajesh kumar sharma purohit

Drama

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Rajesh kumar sharma purohit

Drama

हत्यारे

हत्यारे

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इंसान हो तो इंसानियत सीख लो

निर्दोषों की हत्या तो मत करो


खून पसीने की कमाई खाओ

गला दबा लूटमार तो न करो


आतंकवादी बन न इतराओ

खुदा के ख़ौफ़ से तो डरो


वादियों में कश्मीर की

अमन बना रहे दोस्तों


एकता की मिसाल बनो

कौमी तराने फिर गाओ।


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