STORYMIRROR

Vipul Borisa

Romance

3  

Vipul Borisa

Romance

होली

होली

1 min
195

कैसी अजीब सी ये बात है।

दूर रहकर भी कान्हा और राधा एक साथ हैं ।


कोई करीब रहकर भी दूर हे,तो

कोई दूर रहकर भी दिल के पास है।


कोई अपना हे यहाँ तो कोई इक ख्वाब है।

कोई फकीर यहाँ तो कोई नवाब है।


हर रंग की इक अलग ही बुनियाद है।

किसीके लिये गुलाल लाल तो,किसीके लिये मलाल है।


कोई हे रंगीन यहाँ तो कोई उदास है।

ये रंग जो हे लाता मुझे हर बार उसकी याद है।


देखो तो सिर्फ इक तसवीर है, 

जानो तो इक गहरा जज़्बात है ।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance