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Nand Kumar

Inspirational


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Nand Kumar

Inspirational


हमारे पिता

हमारे पिता

1 min 176 1 min 176


नमन करूं कर जोड पिता को,

जिससे जीवन पाया है।

जन्म हेतु है पिता उसी का ,

हममे नूर समाया है ।।


लालन पालन पोषण करके , 

चलना मुझे सिखाया है।

कदम हुए जब डगमग उसने ,

मुझको आन बचाया है ।।


प्यार किया दुलराया देखा ,

दोष न मुझमे आने पाए ।

सदा प्रसन्न रहू मै मेरा ,

 कुछ न अहित होने पाए ।।


सुख सुविधा सब देकर ,

 उसने ज्ञानी मुझे बनाया ।

मेरे दुख मे दुखी देख वह ,

 हंसता मुझको मुस्काया ।।


अपने जीवन की पूंजी को ,

दे पूंजी हमे बनाया ।

उसका भी हित रक्षण हो ,

जिससे यह जीवन पाया ।।


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