STORYMIRROR

हौसला..

हौसला..

1 min
2.8K


वो कहते है कि

इस उफनते सैलाबों की

दुनिया में मै बस

एक छोटा - सा तिनका हूं।


ज़रा उनको कोई समझाए....

कि सैलाबों में अक्सर

बुनियादें डूब जाया करतीं हैं,

तिनके नहीं...।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

More hindi poem from Dimple Vishwakarma

Similar hindi poem from Drama