Arun Pradeep
Comedy
जमते रंग
होली का हुड़दंग
बजती चंग
हाइकु
कवि
होली नवगीत
होली विषाद
होली है...
होली की ठिठोल...
अनोखी होली
संक्रांति
सपना
गधों की बैठी एक जोरदार मीटिंग, कहने लगे अब न चलेगा हूटिंग, गधों की बैठी एक जोरदार मीटिंग, कहने लगे अब न चलेगा हूटिंग,
Baya Na Kar sakun uske bare mein , Kab hansta hai , kab rota Hai.. Uski Aankhen , uski baten ,... Baya Na Kar sakun uske bare mein , Kab hansta hai , kab rota Hai.. Uski Aa...
"मोहब्बत मुझसे पुछ के की थी "मोहब्बत मुझसे पुछ के की थी
हम तो रहते है अप टू डेट, ना करते किसी का वेट , हम तो रहते है अप टू डेट, ना करते किसी का वेट ,
कभी तो खिलाते हो आप हमें मीठे-मीठे पकवान कभी तो खिलाते हो आप हमें मीठे-मीठे पकवान
गुंजिया के जैसे मीठा हो जीवन का ये सफर गुंजिया के जैसे मीठा हो जीवन का ये सफर
काम की बोझ का मारा आदमी काम की बोझ का मारा आदमी
जम के खेली पड़ोसन संग होली इतनी कि साली भी नाराज हो ली जम के खेली पड़ोसन संग होली इतनी कि साली भी नाराज हो ली
रईसी में सजी महफिलों में आम लोगों का मजाक उड़ाया जाता है, लेकिन उन तक पहुँचने का रास्ता सिर्फ संघर्ष... रईसी में सजी महफिलों में आम लोगों का मजाक उड़ाया जाता है, लेकिन उन तक पहुँचने का...
घर में बैठकर लड़ते रहते हो सारा दिन, इस लैपटॉप को उठाकर दफ्तर जाया भी करो। घर में बैठकर लड़ते रहते हो सारा दिन, इस लैपटॉप को उठाकर दफ्तर जाया भी करो।
जो देख उन्हें घबराती थी , अब आंखें दिखलाती है। जो देख उन्हें घबराती थी , अब आंखें दिखलाती है।
कभी रह जाते भाग्याधिन, कुछ राहों में बिखरता होता है। कभी रह जाते भाग्याधिन, कुछ राहों में बिखरता होता है।
दुसरों की सभी को रंगीन दिखती है। दुसरों की सभी को रंगीन दिखती है।
ट्रेन से टक्कर खाकर सिर मेरा खुल गया छोटा 'दिमाग़' मेरा वहीं, कहीं गिर गया। ट्रेन से टक्कर खाकर सिर मेरा खुल गया छोटा 'दिमाग़' मेरा वहीं, कहीं गिर गया।
गंजे की गर्लफ्रेंड बड़ी क्यूट होती है। गंजे की गर्लफ्रेंड बड़ी क्यूट होती है।
निंद भी दो प्रकार की होती हैं। एक होती है सुबह की नींद और एक होती है शाम की नींद सुबह की नींद कहत... निंद भी दो प्रकार की होती हैं। एक होती है सुबह की नींद और एक होती है शाम की नी...
रावण की जगह लेने की कोशिश भी न करो, रावण की जगह लेने की कोशिश भी न करो,
प्यार से समझाने की बहुत कोशिश की रह-रहकर, मगर सब बेकार, बस बैठी थी वह एक ही रट लगाकर प्यार से समझाने की बहुत कोशिश की रह-रहकर, मगर सब बेकार, बस बैठी थी वह एक ही र...
चांदनी चांदनी
भरोसा नहीं तो आजमा लेना कभी , भरोसा नहीं तो आजमा लेना कभी ,